मुखर्जी नगर में विवाद के बाद चाकूबाजी, युवक गंभीर घायल
पुलिस ने चार आरोपियों पर प्रकरण दर्ज किया, रहवासियों ने एसपी कार्यालय पहुंचकर की कार्रवाई की मांग
लोकेशन ~देवास मध्य प्रदेश
सिविल लाइन थाना क्षेत्र के मुखर्जी नगर में शराब के नशे में गाली-गलौज करने को लेकर हुए विवाद ने गंभीर रूप ले लिया। विवाद के दौरान एक युवक पर चाकू से हमला कर उसे घायल कर दिया गया। मामले में पुलिस ने चार आरोपियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की विभिन्न धाराओं में प्रकरण दर्ज किया है। घटना के अगले दिन 25 सितंबर को मुखर्जी नगर के रहवासियों एवं समाजजनों ने पुलिस अधीक्षक कार्यालय पहुंचकर क्षेत्र में कथित अवैध गतिविधियों और भय का माहौल होने का आरोप लगाते हुए कार्रवाई की मांग की। पुलिस को दी गई शिकायत में ईडब्ल्यूएस मुखर्जी नगर निवासी विजेंद्र मिश्रा ने बताया कि 24 सितंबर की रात करीब 10.15 बजे मोहल्ले का ईश्वर बैरागी शराब के नशे में गाली-गलौज कर रहा था। विजेंद्र मिश्रा और उनके बेटे राहुल मिश्रा ने उसे ऐसा करने से मना किया। आरोप है कि इसके बाद ईश्वर बैरागी ने अपने परिचित गोविंद बैरागी, राहुल बलाई और अमन को बुला लिया। चारों ने गाली-गलौज करते हुए राहुल मिश्रा के साथ मारपीट की। शिकायत के अनुसार, इसी दौरान गोविंद बैरागी ने चाकू निकालकर राहुल मिश्रा के सीने और पेट पर वार कर दिए, जिससे वह घायल हो गया और खून निकलने लगा। बीच-बचाव करने पहुंची मोहल्ले की महिला कविता देवलिया के साथ भी मारपीट किए जाने का आरोप लगाया गया है। परिजन घायल राहुल को उपचार के लिए एमजीएच लेकर पहुंचे, जहां प्राथमिक उपचार के बाद चिकित्सकों ने उसे इंदौर रेफर कर दिया। मामले में सिविल लाइन पुलिस ने ईश्वर बैरागी, गोविंद बैरागी, राहुल बलाई और अमन, सभी निवासी मुखर्जी नगर, देवास के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की धारा 296(ए), 109(1), 115(2) एवं 3(5) के तहत अपराध क्रमांक 541/2026 दर्ज किया है।
रहवासियों ने एसपी से की कार्रवाई की मांग
घटना के अगले दिन 25 सितंबर को मुखर्जी नगर के रहवासी एवं समाजजन पुलिस अधीक्षक कार्यालय पहुंचे। उन्होंने एसपी को दिए आवेदन में रितीक बैरागी, पिता ईश्वर बैरागी, पर क्षेत्र में कथित रूप से अवैध शराब कारोबार, देह व्यापार सहित असामाजिक गतिविधियों के संचालन और लोगों को डराने-धमकाने के आरोप लगाए। आवेदन में कहा गया कि क्षेत्र में बाहरी लोगों का जमावड़ा रहता है और पूर्व में भी रहवासियों द्वारा संबंधित लोगों को समझाइश दी गई, लेकिन विवाद की स्थिति बनी रहती है। आवेदन में रहवासियों ने आरोप लगाया कि 24 सितंबर की घटना में रितीक बैरागी की भी भूमिका थी, लेकिन दर्ज प्रकरण में उसका नाम शामिल नहीं किया गया। रहवासियों ने पुलिस से मामले की निष्पक्ष जांच कर रितीक बैरागी की भूमिका की जांच करने तथा क्षेत्र में कथित अवैध गतिविधियों पर कार्रवाई की मांग की। पुलिस अधीक्षक पुनीत गहलोत ने रहवासियों की शिकायत को गंभीरता से लेते हुए मामले की जांच कर नियमानुसार सख्त कार्रवाई का आश्वासन दिया। घटना के बाद से पीड़ित परिवार सहमा हुआ है और भविष्य में इस प्रकार की घटना न हो, इस प्रकार सुरक्षा मुहेय्या कराई जाए।





