वर्धा में केंद्र तथा राज्य कर्मचारी, शासकीय एवं अशासकीय कर्मचारी, लोकल बॉडीज तथा सेवानिवृऊत्त वेलफेअर संघटना की ओर से आयोजित वार्षिक आमसभा एवं अधिवेशन–2026 उत्साहपूर्ण वातावरण में संपन्न हुआ।
इस अधिवेशन में सेवानिवृत्त कर्मचारियों की विभिन्न समस्याओं, मांगों और उनके अधिकारों से जुड़े महत्वपूर्ण मुद्दों पर चर्चा की गई। कार्यक्रम में महाराष्ट्र शासन के गृह एवं शिक्षा विभाग के राज्यमंत्री डॉ. पंकज भोयर, शिक्षक आमदार सुधाकर आडबैले, पूर्व शिक्षक आमदार विश्वनाथ डायगव्हाणे सहित संगठन के पदाधिकारी, सदस्य और बड़ी संख्या में सेवानिवृत्त कर्मचारी उपस्थित रहे।
देखिए वर्धा से डॉ. वासुदेव डायगव्हाणे की यह विशेष रिपोर्ट
वर्धा शहर में आयोजित केंद्र तथा राज्य कर्मचारी, शासकीय एवं अशासकीय कर्मचारी, लोकल बॉडीज और सेवानिवृत्त वेलफेअर संघटना की वार्षिक आमसभा एवं अधिवेशन–2026 में सेवानिवृत्त कर्मचारियों का उत्साह देखते ही बन रहा था।
अधिवेशन के माध्यम से सेवानिवृत्त कर्मचारी बांधवों की विभिन्न समस्याओं और अपेक्षाओं को शासन तक पहुंचाने के साथ-साथ उनके लिए आवश्यक प्रशासनिक स्तर की सुविधाओं और प्रलंबित मामलों पर भी चर्चा की गई।
कार्यक्रम में उपस्थित मान्यवरों का संगठन की ओर से स्वागत एवं सत्कार किया गया।
इस अवसर पर महाराष्ट्र शासन के गृह एवं शिक्षा विभाग के राज्यमंत्री डॉ. पंकज भोयर ने सेवानिवृत्त कर्मचारियों और संगठन के पदाधिकारियों से संवाद किया।
उन्होंने सेवानिवृत्त शिक्षक एवं कर्मचारी बांधवों की विभिन्न समस्याओं, अपेक्षाओं और मांगों को जानने का प्रयास किया।
सेवानिवृत्ति के बाद पेंशन, प्रशासनिक कार्यवाही, शासन स्तर पर प्रलंबित मामलों तथा अन्य समस्याओं को लेकर उपस्थित सदस्यों ने अपनी बात मंत्री महोदय के समक्ष रखी।
“सेवानिवृत्त कर्मचारी और शिक्षक बांधवों ने शासन तथा समाज के लिए महत्वपूर्ण योगदान दिया है।
राज्यमंत्री डॉ. पंकज भोयर ने कहा कि सेवानिवृत्त कर्मचारी और शिक्षक समाज की महत्वपूर्ण संपत्ति हैं। अपने सेवाकाल में उन्होंने शिक्षा, प्रशासन और समाज के विकास में महत्वपूर्ण योगदान दिया है।
इसलिए सेवानिवृत्ति के बाद उनके सामने आने वाली प्रशासनिक एवं शासन स्तर की समस्याओं का उचित समाधान होना आवश्यक है।
उन्होंने संगठन के पदाधिकारियों और सदस्यों से उनकी मांगों तथा समस्याओं के संबंध में विस्तृत चर्चा की और आवश्यक सहयोग का आश्वासन दिया।
कार्यक्रम में शिक्षक आमदार सुधाकर आडबैले तथा पूर्व शिक्षक आमदार विश्वनाथ डायगव्हाणे सहित अन्य मान्यवरों ने भी उपस्थित सेवानिवृत्त कर्मचारी बांधवों को संबोधित किया।
अपने संबोधन में मान्यवरों ने संगठन की एकजुटता, सेवानिवृत्त कर्मचारियों के अधिकार और उनकी समस्याओं के लिए सामूहिक प्रयासों के महत्व पर प्रकाश डाला।
अधिवेशन के माध्यम से संगठन के आगामी कार्यों और सेवानिवृत्त कर्मचारी बांधवों के हितों से जुड़े विभिन्न विषयों पर भी विचार-विमर्श किया गया।
वार्षिक आमसभा एवं अधिवेशन में संगठन के पदाधिकारी, सदस्य तथा बड़ी संख्या में सेवानिवृत्त कर्मचारी उपस्थित रहे।
कार्यक्रम के दौरान उपस्थित सदस्यों ने अपनी विभिन्न समस्याएं एवं अपेक्षाएं सामने रखीं। संगठन की ओर से इन विषयों को शासन एवं प्रशासन के समक्ष प्रभावी रूप से रखने का संकल्प व्यक्त किया गया।
कार्यक्रम ने सेवानिवृत्त कर्मचारी बांधवों को एक-दूसरे के साथ संवाद और अनुभव साझा करने का अवसर भी प्रदान किया।
वर्धा में आयोजित इस वार्षिक आमसभा एवं अधिवेशन के माध्यम से सेवानिवृत्त कर्मचारी बांधवों की समस्याओं को शासन स्तर तक पहुंचाने का प्रयास किया गया।
राज्यमंत्री डॉ. पंकज भोयर द्वारा समस्याओं के प्राथमिकता से निराकरण का आश्वासन दिए जाने से उपस्थित सेवानिवृत्त कर्मचारियों में सकारात्मक वातावरण देखने को मिला।
संगठन के पदाधिकारियों ने भी भविष्य में सेवानिवृत्त कर्मचारी बांधवों के हितों के लिए प्रभावी ढंग से कार्य करने का संकल्प व्यक्त किया
तो कुल मिलाकर वर्धा में केंद्र तथा राज्य कर्मचारी, शासकीय एवं अशासकीय कर्मचारी, लोकल बॉडीज तथा सेवानिवृत्त वेलफेअर संघटना की वार्षिक आमसभा एवं अधिवेशन–2026 उत्साहपूर्ण वातावरण में संपन्न हुआ।
कार्यक्रम में सेवानिवृत्त कर्मचारियों की समस्याओं और मांगों पर चर्चा के साथ ही उनके निराकरण के लिए शासन स्तर पर आवश्यक प्रयास करने का आश्वासन भी दिया गया।






