दलित परिवार की जमीन पर कब्जे के आरोप को लेकर बलाई महासंघ का प्रदर्शन, एसपी-कलेक्टर को सौंपा ज्ञापन
लोकेशन~ देवास मध्य प्रदेश
रिपोर्ट ~भालचंद्र तिवारी ब्यूरो चीफ
देवास~ एक दलित परिवार की जमीन पर कथित कब्जे, जातिसूचक अपमान और जान से मारने की धमकी के आरोपों को लेकर अखिल भारतीय बलाई महासंघ ने प्रशासन के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। महासंघ ने पुलिस अधीक्षक और कलेक्टर को ज्ञापन सौंपकर दोषियों पर सख्त कार्रवाई की मांग की है। अखिल भारतीय बलाई महासंघ के प्रदेश अध्यक्ष विजेंद्र सिंह राणा के नेतृत्व में महासंघ के पदाधिकारी और समाजजन कलेक्ट्रेट पहुंचे। यहां उन्होंने पुलिस अधीक्षक और कलेक्टर को ज्ञापन सौंपते हुए सोनकच्छ तहसील के ग्राम बुदनगांव निवासी दलित परिवार को न्याय दिलाने की मांग की। महासंघ के जिलाध्यक्ष प्रदीप मालवीय ने बताया कि पीड़ित परिवार ने आरोप लगाया है कि उनकी सर्वे नंबर 108, 109 और 110 की करीब 2.88 हेक्टेयर भूमि पर पड़ोसी पक्ष लंबे समय से कब्जा करने का प्रयास कर रहा है। शिकायत के अनुसार सीमांकन प्रक्रिया अधूरी होने के बावजूद कथित रूप से रात में ट्रैक्टर से जमीन तैयार कर सोयाबीन की फसल बो दी गई। पीड़ितों का आरोप है कि विरोध करने पर उनके साथ जातिसूचक शब्दों से अपमान किया गया और जान से मारने की धमकी दी गई। शिकायत में यह भी कहा गया है कि घटना से आहत होकर एक फरियादी ने कथित रूप से जहरीले कीटनाशक का सेवन कर लिया था, जिसे उपचार के बाद बचा लिया गया। महासंघ ने आरोप लगाया कि शिकायत के बावजूद पुलिस की ओर से समय पर प्रभावी कार्रवाई नहीं की गई, जिससे आरोपित पक्ष के हौसले बढ़े। संगठन ने पीड़ित परिवार को सुरक्षा देने, कथित अतिक्रमण हटाने और अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति (अत्याचार निवारण) अधिनियम सहित अन्य प्रासंगिक धाराओं में निष्पक्ष जांच के बाद कार्रवाई की मांग की है।




