इंदौर नगर निगम ने शहर की स्वच्छता और ड्रेनेज प्रणाली को अधिक कुशल और उत्कृष्ट बनाने के लिए भारतीय प्रबंध संस्थान यानि आई आई एम इंदौर के साथ एक महत्वपूर्ण समझौता ज्ञापन यानि एम ओ यू साइन हैं। इस पार्टनरशिप का मुख्य उद्देश्य IIM की मैनेजमेंटऔर रिसर्च क्षमताओं का लाभ उठाकर इंदौर की स्वच्छता व्यवस्था को नए स्तर पर ले जाना है।
वी ओ – दरअसल इंदौर नगर निगम और आईआईएम ने मिलकर किए इस एम ओ यू के तहत पूरे शहर की स्वच्छता प्रणाली का गहराई से अध्ययन करेंगे। इस पूरी प्रक्रिया को तीन प्रमुख चरणों में विभाजित किया गया है। पहले चरण में कचरा कलेक्शन करने वाली गाड़ियों की कार्यकुशलता को बढ़ाने पर काम किया जाएगा, ताकि कचरा संग्रहण अधिक प्रभावी हो सके। दूसरे चरण के अंतर्गत पूरे शहर के ड्रेनेज सिस्टम का विस्तृत अध्ययन किया जाएगा और उसमें सुधार के उपाय तलाशे जाएंगे और अंतिम चरण में पूरे स्वच्छता मॉडल और सिस्टम का मूल्यांकन किया जाएगा, जिससे भविष्य में आने वाली चुनौतियों से निपटा जा सके। गौरतलब है कि इंदौर के पीथमपुर रोड स्थित IIM इंदौर देश का एक प्रतिष्ठित संस्थान है। महापौर पुष्यमित्र भार्गवाने इस एमओयू को लेकर कहा कि इस पार्टनरशिप से संस्थान की स्टडी रिपोर्ट के आधार पर हम इंदौर की स्वच्छता और प्रबंधन में अधिक दक्षता और मैनेजमेंट बढ़ा सकेंगे। इस रिसर्च के बाद IIM इंदौर नगर निगम को एक विस्तृत रिपोर्ट सौंपेगा, जिसके आधार पर शहर की व्यवस्थाओं में जरूरी सुधार किए जाएंगे। इस कदम से देश के सबसे स्वच्छ शहर इंदौर को अपनी रैंकिंग बनाए रखने और नागरिक सुविधाओं को और बेहतर करने में बड़ी मदद मिलेगी।
