एक पेड़ माँ के नाम 3.0 – जगदलपुर में हरित राजमार्ग अभियान का शुभारंभ
जगदलपुर नगर निगम जगदलपुर, वन विभाग और भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण के संयुक्त तत्वावधान में ‘एक पेड़ माँ के नाम 3.0’ हरित राजमार्ग पौधारोपण कार्यक्रम का आयोजन कुम्हड़ाकोट स्थित जनजातीय गौरव वाटिका के समक्ष किया गया। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि उप मुख्यमंत्री अरुण साव रहे, अध्यक्षता वन मंत्री केदार कश्यप ने की। इस अवसर पर स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल, विधायक विनायक गोयल, महापौर संजय पांडे, जिला पंचायत अध्यक्ष वेदवती कश्यप, सभापति खेमसिंह देवांगन, बस्तर राजपरिवार से कमलचंद भंजदेव, संभाग आयुक्त डोमन सिंह, कलेक्टर आकाश छिकारा, एसपी शलभ सिन्हा सहित अधिकारी और बड़ी संख्या में नागरिक उपस्थित रहे।
उप मुख्यमंत्री अरुण साव ने पोला पर्व की बधाई देते हुए कहा कि त्योहार के समय भी बड़ी संख्या में नागरिकों का जुटना पर्यावरण के प्रति निष्ठा दर्शाता है। उन्होंने कहा कि नगर निगम केवल निर्माण तक सीमित नहीं, जगदलपुर को स्वच्छ, सुंदर और हरा-भरा बनाने का यह अभियान जिम्मेदार दृष्टिकोण है। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में डबल इंजन सरकार बस्तर को विकसित संभाग बनाने के लिए काम कर रही है। शहर के विकास और हर घर नल-जल योजना में फंड की कमी नहीं होगी। उन्होंने नागरिकों से स्वच्छता में सहयोग का आह्वान किया। इसके बाद अतिथियों ने वाटिका में पौधे रोपे।
वन मंत्री केदार कश्यप ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का आह्वान जन-आंदोलन बन गया है। प्रदेश में वन विभाग के माध्यम से साढ़े सात करोड़ से अधिक पौधे लगाए गए हैं। जलवायु संकट का समाधान वृक्षारोपण ही है। उन्होंने कहा कि गृह मंत्री अमित शाह के संकल्प के अनुरूप 31 मार्च 2026 तक नक्सलवाद समाप्त हो चुका है और 2030 तक बस्तर देश का सबसे विकसित संभाग बनेगा।
स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल ने कहा कि एक वृक्ष लगाना दस संतानों के पालन के समान है। उन्होंने युवाओं से बस्तर की सुंदरता को सोशल मीडिया से वैश्विक स्तर पर पहुंचाने को कहा। उन्होंने बताया कि महारानी अस्पताल की लैब में 10 से 12 हजार की जांच निशुल्क हो रही है, सुपर स्पेशलिटी अस्पताल में आयुष्मान से उपचार मिल रहा है, दंतेवाड़ा मेडिकल कॉलेज में प्रोफेसरों की नियुक्ति हो गई है और कांकेर मेडिकल कॉलेज का 60 प्रतिशत कार्य पूरा हो चुका है।
मुख्य वन संरक्षक स्टाइलो मंडावी ने बताया कि नेशनल हाईवे के 3 हजार रनिंग मीटर मीडियन में टेकोमा, बोगनवेलिया, कनेर के पौधे लगाए जा रहे हैं। सिटी फॉरेस्ट योजना में कचनार, मौलश्री, तबुबिया रोसिया लगाए गए हैं। किसान वृक्ष मित्र योजना मिलाकर अब तक 38 हजार पौधों का रोपण किया गया है।






