झाँसी मे 83.24 करोड़ की पेयजल योजना बनी मज़ाक, योजना कागजो पर जमीन पर गायब, प्लांट बना पिकनिक पॉइंट, सोशल मीडिया पर पेयजल मे नहाने का वीडियो वायरल
झाँसी मे 83.24 करोड़ की गुरसराय गरौठा पेयजल पुनर्गठन योजना की जमीनी हकीकत ने एक बार फिर जन प्रतिनिधियों पर सवाल खड़े कर दिए है
सरकार द्वारा 83.24 करोड़ खर्च करने के बाबजूद गुरसराय जनता खरीदकर पानी पीने को मजबूर है अभी हाल मे ही मीडिया के समक्ष नगर वासियो
ने बताया था किआज भी 300 रूपए से 2500 रूपये प्रतिमाह तक देकर लोग पानी खरीदने को मजबूर है लोकार्पण के बाद भी गुरसराय मे पेयजल योजना के दावे केवल कागजो तक सीमित है जमीन पर फेल नजर आ रहें है वहीँ लगाए गए वाटर फ़िल्टर प्लांट मे एक व्यक्ति का नहाने का वीडियो सोशल मिडिया पर जमकर वायरल हो रहा हैँ
सरकार द्वारा करोड़ों रुपये खर्च के बाद भी गुरसराय गरौठा वासियो की प्यास नहीं बुझ पायी और लोग उसमें नहा रहें हैँ कई मुहल्लो मे तो पाईप लाइन भी नहीं डाली गयी तो कई जगह सड़के खुदी पड़ी है अगर गौर से देखा जाए तो इस योजना मे भ्रष्टाचार की बू आ रही है पेयजल योजना मे सरकारी पैसे का जमकर बंदरबाँट होने की सम्भावना भी नजर आ रही है फिलहाल ये जाँच का विषय है






